चाहे हो कोई सरकार, प्रभु यीशु का है अधिकार

चाहे हो कोई सरकार
प्रभु यीशु का है अधिकार

(प्रभु यीशु के अनुयायियों का नारा)

नेबुकदनेज़र राजा सोच बैठा था कि शायद राज्य उसका है और वो शासन कर रहा है। जब वह बाबुल के राजभवन की छत पर टहल रहा था, तब वह कहने लगा, क्या यह महान बाबुल नहीं है, जिसे मैं ही ने अपने बल और सामर्थ से राजनिवास होने को और अपने प्रताप की बड़ाई के लिये बसाया है। उसी समय उसका शासन उसके हाथ से निकल गया और वो कंगाल बन गया, और उसका दिमाग और प्रकृति भी बदल गई यहां तक की वो घास खाने लगा और जानवर की तरह हो गया। ये एक ऐसे व्यक्ति की तस्वीर है जो परमेश्वर के अधिकार को चुनौती देता है और बगावत करता है।

आज भी हमारे संसार में ऐसे लोग हैं जो अपने बल और वैभव को कुछ समझते हैं। उनके घास खाने के दिन नज़दीक हैं।

जब नेबुकदनेज़र को सात साल घास खाने के बाद होश आया तो उसने स्वीकार किया और ऐलान किया कि जो जीवित हैं वे जान लें कि परमप्रधान परमेश्वर मनुष्यों के राज्य में प्रभुता करता है, और उसको जिसे चाहे उसे दे देता है, और वह छोटे से छोटे मनुष्य को भी उस पर नियुक्त कर देता है।वह छोटे इंसान को भी तख़्त पर बैठा देता है।

बाइबिल में एक दुनिया का सब से बड़ा रिकॉर्ड है तख़्त पाने का। युसूफ मिस्र देश के तहखाने में सुबह तक कैद था और शाम को मिस्र का प्रधानमंत्री बन जाता है।

मेरा एक पसंदीदा बाइबिल वचन है।
भजन ११३:७ वह कंगाल को मिट्टी पर से, और दरिद्र (निर्धन) को घूरे पर से उठा कर ऊंचा करता है।

फिली २:५-११ जैसा मसीह यीशु का स्वभाव था ••• जिसने अपने आप को ऐसा शून्य कर दिया, और दास बना••• अपने आप को दीन किया••••हां, क्रूस की मृत्यु भी सह ली। इस कारण परमेश्वर ने उस को अति महान भी किया कि जो स्वर्ग में और पृथ्वी पर और जो पृथ्वी के नीचे हैं वे सब यीशु के नाम पर घुटना टेकें।

उसने हमें अपनी संतान होने का अधिकार दिया है – यूहन्ना १:१२

प्रभु यीशु ने कहा, सारा अधिकार मुझे दिया गया है इसलिए जाओ।

क्या अभी भी डर है?

शिष्य थॉमसन